मुद्राकोष-विश्वबैंक का कहना, व्यापार युद्ध, दूसरे तनावों से उत्पन्न कठिनाइयों को झेलने के लिए तैयार रहे देश

Samachar Jagat | Sunday, 14 Oct 2018 08:57:29 AM
international funding and world Bank sain countries ready to withstand the difficulties caused by trade warfare and other stresses

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नूसा दुआ/इंडोनेशिया। दुनिया की अर्थव्यवस्थाओं को व्यापारिक विवादों और अन्य तनावों से पैदा होने वाले संभावित संकटों को झेलने के लिए तैयार रहने की अपील के साथ अंतराष्ट्रीय मुद्राकोष और विश्वबैंक की बाली में हुई सालाना बैठक शनिवार को सम्पन्न हुई। इन दोनों बहुपक्षीय वित्तीय संगठनों की बाली बैठक में विश्व स्तर पर वित्तीय बाजारों में चल रही उठा-पटक और चीन की प्रौद्योगिकी संबंधी नीतियों के कारण उसके और अमेरिका के बीच छिड़े व्यापार युद्ध की अनुगूंज छाई रही।

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दुनिया की दो प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं की ओर से एक दूसरे के खिलाफ ऊंचे शुल्क लगाने की कार्रवाई से वैश्विक आर्थिक वृद्धि संकट में पड़ सकती है। मुद्राकोष की अंतरराष्ट्रीय मौद्रिक एवं वित्तीय समिति की ओर से बैठक के बाद जारी वक्तव्य में कहा गया है कि इन चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में देशों को अपना कर्ज नियंत्रण में रखना चाहिए, और मौद्रिक नीति ऐसी रखनी चाहिए जिससे कीमत स्थिरता रहे और आर्थिक वृद्धि भी मजबूत बनी रहे। बयान में कहा गया है कि इसी में सबका भला होगा। यह समिति मुद्राकोष के निदेशक मंडल को सलाह देती है।

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इस बैठक में मुद्राकोष के सदस्यों ने वचन दिया है कि वे अपने निर्यात को बाजार प्रतिस्पर्धा में मदद देने के लिए मुद्रा अवमूल्यन की नीति अपनाने से बचेंगे। मुद्राकोष की प्रबंध निदेशिका क्रिस्टीन लेगार्दे ने कहा कि वैश्विक आर्थिक वृद्धि दर अब भी मजबूत बनी हुई है लेकिन यह एक मुकाम पर पहुंच कर वहीं रुकी हुई है। मुद्राकोष ने बाली बैठक के शुरू में वर्ष 2018 में दुनिया की आर्थिक वृद्धि दर के अनुमान को घटा कर 3.7 प्रतिशत कर दिया। इससे पहले के अनुमान में इसे 3.9 प्रतिशत तक रहने की संभावना जताई गई थी। लेगार्दे ने कहा कि छितिज पर संकट के बादलों को देखते हुए वृद्धि दर में इस ठहराव का आना कोई अजूबी बात नहीं है। उन्होंने सभी देशों से अपील की कि सभी को मिल कर नाव को एक ही दिशा खेना चाहिए। हम मिल कर प्रयास करें उसी से सबकी ताकत बढ़ेगी।

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उन्होंने कहा कि विश्व भर में कर्ज की मौजूदा स्थिति को लेकर हमने कुछ मजबूत सिफारिशें की हैं और व्यापार के संबंध में हमारा कहना है कि कृपया तनाव कम कीजिए और परस्पर बातचीत का रास्ता अपनाइए। उन्होंने कहा कि देशों को यह सुनिश्चत करना चाहिए कि उन पर कर्ज का बोझ नियंत्रण में रहे और वे ऐसे नीतियां अपनाएं जिससे सबकी वृद्धि में मदद मिले। चीन के केंद्रीय बैंक के गवर्नर यी गांग ने कहा कि संरक्षणवाद और व्यापारिक तनाव वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए बड़ा संकट बन गया है।

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अमेरिका के वित्त मंत्री स्टीफन न्यूचिन ने चीन के साथ व्यापारिक तनाव के जोखिम को ज्यादा भाव नहीं देने की मुद्रा में कहा कि वह इस बात को लेकर अपनी रात की नींद खराब नहीं करते कि चीन अमेरिकी सरकार के बांड बेचना शुरू कर देगा। उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस माह ब्यूनस आयर्स (अर्जेंटिना) में जी20 शिखर सम्मेलन में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकता करेंगे या नहीं, यह अभी तय नहीं है।

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