कैसे रावत स्कूल एक बच्चे के सर्वांगीण विकास में योगदान देता है, जानिए

Samachar Jagat | Friday, 02 Aug 2019 11:43:05 AM
Know how Rawat school contributes to the overall development of a child

कहा जाता है कि एक मजबूत इमारत एक कमजोर नीवं पर नहीं बनाई जा सकती लेकिन अगर नींव मजबूत है तो यह हर जटिल स्थिति में मजबूती से खड़ी रहती है। यही बात बच्चों के फ्यूचर पर भी अप्लाई होती है। यदि बच्चे की नींव मजबूत है तो माता-पिता को उसके भविष्य के बारे में चिंता करने की जरूरत नहीं है।

बच्चे की नींव को मजबूत करने के लिए एक सकारात्मक पारिवारिक माहौल होना ज़रूरी है, और बच्चे को एक ऐसे स्कूल में एडमिशन करवाना भी जरूरी है जहाँ स्टूडेंट पढाई के साथ नई चीज़ों को सीख सके और उसकी नीव मजबूत हो सके। क्योंकि स्कूल एक ऐसी जगह है जहाँ एक बच्चा पढ़ने लिखने के साथ कई कौशल और जीवन के शुरुआत के पाठ सीखता है जो उसे जीवनभर काम आते हैं।

एक स्कूल में, बच्चा अपने बचपन के अधिकांश वर्ष बिताता है। एक बच्चे के लिए, स्कूल एक छोटी दुनिया की तरह होता है, जहाँ वह विभिन्न विषयों का ज्ञान प्राप्त करता है और अन्य बच्चों के साथ मेलजोल करना भी सीखता है।

अब सवाल यह आता है कि बच्चे की मजबूत नींव और सर्वांगीण विकास के लिए क्या आवश्यक है और रावत स्कूल इसके लिए क्या कर रहा है?

रावत स्कूल बच्चों के लिए ऐसा वातावरण प्रदान करता है ताकि वे अपने सर्वांगीण विकास के साथ नई चीजें सीख सकें। हमारे लिए "सर्वांगीण विकास" का अर्थ शैक्षिक विकास, कलात्मक कौशल, संज्ञानात्मक विकास और बच्चे के चरित्र विकास पर अधिक ध्यान केंद्रित करना है। इसलिए इन कारकों पर एक नज़र डालें और एक बच्चे के जीवन में उनमें से प्रत्येक की प्रासंगिकता को समझें।

1. उत्कृष्ट शिक्षा

रावत स्कूल बच्चों के लिए उत्कृष्ट शिक्षा के अवसर प्रदान करता है। शिक्षा बच्चों के विकास का सबसे महत्वपूर्ण पहलू है। एक शिक्षित बच्चा शिक्षित समाज का निर्माण करता है। इसलिए, नई तकनीकों और विधियों के माध्यम से बच्चों को सर्वोत्तम शिक्षा प्रदान की जाती है।

2. अनुभवी कर्मचारी

एक बच्चे को सर्वोत्तम और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के लिए एक अनुभवी शिक्षक की आवश्यकता होती है। एक शिक्षक न केवल शिक्षा प्रदान करता है बल्कि बच्चों को सामाजिक पहलुओं के बारे में शिक्षित करता है। रावत पब्लिक स्कूल के शिक्षक अपने विषयों में सर्वश्रेष्ठ हैं और उच्च गुणवत्ता वाले शिक्षण प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

3. खेल और शारीरिक गतिविधि

शिक्षा के साथ साथ ये भी आवश्यक है कि एक बच्चा किसी शारीरिक गतिविधि में भाग ले। यह उसे तनावपूर्ण शैक्षणिक जीवन से अलग रखने में मदद करता है। स्पोर्ट्स से शरीर और दिमाग का विकास होता है, जो कि बच्चे के समग्र विकास को बढ़ावा देने के लिए सबसे अच्छा संयोजन है। इसलिए स्कूल शारीरिक गतिविधियों के लिए भी समय प्रदान करता है क्योंकि हमारा मानना ​​है कि शारीरिक विकास आवश्यक है और बच्चे के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

4. हॉबीज और पार्टिसिपेशन

जो बच्चे विभिन्न गतिविधियों में शामिल होते हैं। वे अपने व्यक्तित्व के अधिक विकास का अनुभव करने के लिए बाध्य हैं। प्रत्येक बच्चा कुछ जन्मजात प्रतिभाओं के साथ पैदा होता है, जिसे वह एक हॉबी के रूप में आगे बढ़ाने के लिए पसंद कर सकता है। रावत स्कूल बच्चों को उनकी प्रतिभाओं को जानने के भी अवसर प्रदान करता है। बच्चे अपनी प्रतिभा को आगे करियर के रूप में भी बढ़ा सकते हैं।

एक बच्चे के सर्वांगीण विकास का महत्व

एक बच्चे का सर्वांगीण विकास आवश्यक है क्योंकि यह उसे एक मजबूत नींव बनाने में मदद करता है। जब छात्र मजबूत नींव के साथ आगे बढ़ते हैं, तो वे उज्ज्वल भविष्य के लिए बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। रावत स्कूल इस तथ्य से दृढ़ता से सहमत है और शारीरिक और मानसिक विकास को ध्यान में रखते हुए उत्कृष्ट शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।



 

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