‘देव, शास्त्र व गुरु ही परम शरण ’

Samachar Jagat | Monday, 08 Oct 2018 04:34:24 PM
'God, Shastra and Guru is the supreme refuge'

जयपुर। गायत्री महारानी फार्म के श्री दिगम्बर जैन मन्दिर  मेंआर्यिका श्री  विमल प्रभा माता जी ने कहा कि मानव जन्म से मृत्यु तक सहारा ढूढऩे में लगा रहता है लेकिन सच्चा सहारा खोज नहीं पाता है। 

संसार में देव,शास्त्र व गुरु  ही परम शरण है,जो इनके समक्ष समर्पित हो जाता है,उसका जीवन सुखमय व संसार सागर से मुक्त हो जाता है। उन्होंने आगे कहा कि संसार सागर में आकर वह मोह जाल में आकर फंस जाता है। 

जब तक हमारे जीवन में रागद्वेष की भावना रहेगी। जब तक मुक्ति असंभव है। इसीलिए सारभूत आत्मा को जानकर जीवन को सुखमय बनाना चाहिए। 



 

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