शिव प्रकोप से बचना चाहते हैं तो इस ​महाशिवरात्रि पर भूलकर ​भी भोलेनाथ को अर्पित ना करें ये चीज

Samachar Jagat | Wednesday, 27 Feb 2019 02:38:01 PM
Do not offer this item to Bholenath on this mahashivaratri

धर्म डेस्क। ​महाशिवरात्रि आने वाली है और इस दिन भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए अनेक उपाय किए जाते है। शिवरात्रि पर भोलेनाथ की पसंदीदा चीजें उन्हें अर्पित की जाती हैं। जहां बेलपत्र, धतूरा आदि चीजें भगवान शिव को पसंद हैं वहीं एक चीज ऐसी भी है जिसे चढ़ाने से भगवान शिव रूष्ठ हो जाते हैं और व्यक्ति को शिव प्रकोप का सामना करना पड़ता है। आइए आपको बताते हैं इसके बारे में......

भगवान शिव को केतकी का फूल अर्पित नहीं करना चाहिए। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, एक बार जब ब्रह्मा और विष्णु में श्रेष्ठता को लेकर विवाद छिड़ा तभी वहां एक विराट लिंग प्रकट हुआ और दोनों देवताओं ने सहमति से यह निश्चय किया कि जो इस लिंग के छोर का पहले पता लगाएगा वही श्रेष्ठ होगा। निर्णय कर दोनों विपरीत दिशा में शिवलिंग की छोर ढूढंने निकले और छोर न मिलने के कारण विष्णु वापस उसी जगह पर लौट आए। 

वहीं ब्रह्मा भी सफल नहीं हुए लेकिन उन्होंने विष्णु से झूठ बोल दिया कि वे छोर तक पहुंच गए हैं। उन्होंने केतकी के फूल को इस बात का साक्षी बताया। ब्रह्मा जी के असत्य कहने पर स्वयं शिव वहां प्रकट हुए और उन्होंने ब्रह्माजी का एक सिर काट दिया। इसी के साथ झूठी गवाही देने के कारण केतकी के फूल को श्राप दिया कि शिव पूजा में कभी भी केतकी के फूलों का इस्तेमाल नहीं होगा और न ही ब्रह्माजी की पूजा की जाएगी। इसी कारण न तो ब्रह्माजी की पूजा की जाती है और न ही शिव पूजा में केतकी के फूल को काम में लिया जाता है। 

(ये सभी जानकारियां शास्त्रों और ग्रंथों में वर्णित हैं, लेकिन इन्हें अपनाने से पहले किसी विशेष पंडित या ज्योतिषी की सलाह अवश्य ले लें।)

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