तपती गर्मी से परेशान बुंदेलखंड के लोगों ने ये टोटका करके किया इंद्रदेव को प्रसन्न करने का प्रयास

Samachar Jagat | Thursday, 06 Jun 2019 11:22:19 AM
People of Bundelkhand have done this trick Tried to please Indra

महोबा। देश में मानसून का आगमन में अभी भले ही देरी हो लेकिन पिछले डेढ़ दशक से सूखे की मार झेल रहे बुंदेलखंड में अच्छी बरसात की आस में टोटकों की शुरूआत हो चुकी है। बुंदेलखंड के महोबा जिले में इंद्रदेव को प्रसन्न करने के लिए ग्रामीणों ने अनूठी युक्ति अपनाते हुए गुड्डा गुड़िया का विवाह रचाया। पूरे विधि विधान के साथ सम्पूर्ण वैवाहिक रस्मो को सम्पन्न कर ग्रामीणों ने जम कर बारिश करने के लिए जल देवता प्रार्थना भी की।

साल दर साल वर्षा में गिरावट दर्ज होने ओर भूगर्भ जल स्तर के लगातार नीचे सरकते जाने के कारण वैसे तो पथरीले भूभाग वाले समूचे विंध्याचल में पानी को लेकर जबरदस्त समस्या खड़ी होती जा रही है लेकिन इसमें महोबा जिले के हालात सर्वाधिक खराब है। पानी के अभाव में खेती किसानी ने तो पहले ही दम तोड़ दिया लेकिन अब यहां जीवन बचाए रखने को पेयजल हासिल करना भी मुश्किल हो चला है। तमाम प्रयास करने के बावजूद कोई भी उपाय कारगर न होने पर अब बुंदेले पानी के लिए ईश्वर की शरण में है। 

ड्राइंग रूम पर पड़ता है मेहमानों की सकारात्मक और नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव, ऐसे रख सकते हैं इसे वास्तु दोष से मुक्त

यही वजह है कि उन्होंने अब जल देवता को मनाने ओर उन्हें प्रसन्न करने के लिए यज्ञ अनुष्ठान ओर टोने टोटकों का सहारा लेना शुरू कर दिया है। महोबा जिले में पनवाड़ी क्षेत्र के भरवारा गांव में सम्पन्न गुड्डा गुड़िया की शादी यहां बारिश के लिए किया गया ऐसा ही एक टोटका था जिसमे पूरे गांव ने हिस्सा लिया। वर पक्ष की ओर से ओम राजपूत ने सभी रश्मों का निर्वहन करते हुए न सिर्फ घर मे मंडप आच्छादन कराया बल्कि मातृका पूजन के अवसर पर पूरे गांव को दावत दी। मंगलवार को दूल्हे राजा के वेश में गुड्डे को पालकी में बैठाकर राछरे के साथ बारात शाला ले जाया गया ओर रात में बारात भी चढ़ी। 

कन्या पक्ष की भूमिका निभा रहे दिनेश नामदेव के घर तक गई बारात में पूरे रास्ते ग्रामीणों ने बैंड बाजों की मधुर धुनों पर नृत्य किया। इसके बाद द्बारचारएपाणिग्रहण की रश्में पूरी कराई गईं। दिनेश व उसकी पत्नी सीमा ने कन्यादान किया। सुबह दुल्हन की विधिवत विदाई की गई। दिनेश नामदेव ने बताया कि गुड्डा गुड़िया के विवाह की सम्पूर्ण रस्में पुरोहित बलराम शास्त्री तथा पुरुषोत्तम शास्त्री ने सम्पन्न कराई। 

व्यक्ति के जीवन में उथल-पुथल मचाते हैं ये दो ग्रह, बनते हैं सुख-दुख का कारण

उन्होंने इस दौरान ग्रामीणों से देवराज इंद्र व जलदेवता वरुण की विशेष प्रार्थना भी कराई। महत्वपूर्ण बात यह है कि इस शादी में भरवारा गांव के प्रत्येक परिवार ने हिस्सा लिया। पुरोहित बलराम शास्त्री ने गुड्डा गुड़िया की अनूठी शादी को लेकर बताया कि यह पुरुष और प्रकृति के अकाट्य संबंधों की प्रतीक है। मान्यता है कि इस प्रकार के टोटके से जल देवता प्रसन्न होकर भरपूर जल वर्षा करते हैं और प्रकृति व पुरुष को नव जीवन दे आनंदित करते है। फिलहाल यह अनूठी शादी यहां आसपास के क्षेत्र में लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है। —एजेंसी



 

यहां क्लिक करें : हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें, समाचार जगत मोबाइल एप। हिन्दी चटपटी एवं रोचक खबरों से जुड़े और अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें!

loading...
ताज़ा खबर

Copyright @ 2019 Samachar Jagat, Jaipur. All Right Reserved.