द्रमुक ने राजीव गांधी हत्या मामले में दोषियों की रिहाई पर तमिलनाडु सरकार के फैसले का किया स्वागत

Samachar Jagat | Monday, 10 Sep 2018 09:59:19 AM
DMK welcomes Tamil Nadu government decision on release of culprits in Rajiv Gandhi assassination case

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चेन्नई। द्रमुक ने राजीव गांधी हत्या मामले में 7 दोषियों को रिहा करने के लिए राज्यपाल को तमिलनाडु सरकार की सिफारिश का रविवार को स्वागत किया लेकिन उसकी सहयोगी कांग्रेस ने अलग राय जाहिर करते हुए कहा कि इससे ’गलत नजीर’ बनेगी।

द्रमुक अध्यक्ष एम के स्टालिन ने यहां मीडिया से कहा कि तमिलनाडु के राज्यपाल को तत्काल (कैबिनेट का फैसला) लागू करना चाहिए ताकि लोगों को खुशी मिल सके। द्रमुक के अलावा, पीएमके और एएमएमके ने भी इस फैसले की सराहना की।

स्टालिन ने अपनी पार्टी की पुरानी मांग का जिक्र किया कि राज्य कैबिनेट उच्चतम न्यायालय के एक निर्देश के मद्देनजर दोषियों को रिहा करने का प्रस्ताव स्वीकार करे। सुप्रीम कोर्ट ने राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित से इस मामले के एक अन्य दोषी पेरारीवलन की दया याचिका पर संविधान के अनुच्छेद 161 के तहत विचार करने को कहा था।

हालांकि, तमिलनाडु कांग्रेस अध्यक्ष एस थिरुनावुककरसर की राय थी कि राज्यपाल इस संबंध में केंद्र के गत रूख का पालन करें जिसमें उसने दोषियों की रिहाई के तमिलनाडु सरकार के पिछले प्रस्ताव का विरोध किया था। उन्होंने कहा कि यह सच है कि वे लंबे समय तक जेल में हैं। लेकिन उनकी रिहाई से एक गलत नजीर बनेगी। कानून सभी के लिए एक समान है। अगर आप दया (जैसे कारकों) के आधार पर निर्णय करते हैं, तो इससे भविष्य में गलत मिसाल बनेगी। 

पीएमके के संस्थापक एस रामदास ने इस कदम का स्वागत करते हुए कहा कि यह निर्णय केवल कैबिनेट का नहीं था बल्कि राज्य को परिलक्षित करता है। उन्होंने राज्यपाल से बिना किसी देरी के कैबिनेट की सिफारिश को लागू’ करने का आग्रह किया। पेरारीवलन की मां, अर्पुथम्मल ने सरकार के फैसले का स्वागत किया और कहा कि इस मामले में कोई राजनीति नहीं होनी चाहिए।

उन्होंने यहां पलानीस्वामी से मुलाकात की और कैबिनेट के फैसले के लिए उन्हें धन्यवाद दिया। उन्होंने बाद में मीडिया से कहा कि ये ऐतिहासिक है। हमें पता नहीं था कि संघर्ष के साल कैसे खत्म होंगे। वे (पेरारीवलन) 19 साल का था जब वे जेल गया (1991 में)।

पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की 21 मई, 1991 को श्रीपेरंबुदुर में एक चुनावी रैली में लिट्टे की महिला आत्मघाती हमलावर धनु ने यहां हत्या कर दी थी। धनु सहित चौदह अन्य लोग भी मारे गए थे। उल्लेखनीय है कि तमिलनाडु की अन्नाद्रमुक सरकार ने राजीव गांधी हत्याकांड में आजीवन कारावास की सजा काट रहे सात दोषियों को रिहा करने की सिफारिश प्रदेश के राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित से करने का निर्णय किया है।

सीएम के पलानीस्वामी की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में इस संबंध में एक प्रस्ताव स्वीकार कर लिया गया। सातों दोषियों मुरूगन, संतन, पेरारीवलन, जयकुमार, रविचन्द्रन, रॉबर्ट पायस और नलिनी को रिहा करने के लिए राज्यपाल को सिफारिश करने का निर्णय लिया गया है।

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