कार्बन उत्सर्जन कम करने की तकनीक विकसित करने के प्रयास : अर्जुनराम

Samachar Jagat | Saturday, 08 Jun 2019 01:32:13 PM
Efforts to develop carbon emission reduction techniques: Arjunam

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श्रीगंगानगर। भारी उद्योग एवं संसदीय कार्य राज्यमंत्री अर्जुनराम मेघवाल ने कहा कि फेम योजना के तहत अत्यधिक कार्बन उत्सर्जन करने वाले उपकरणों और वाहनों में ऐसी तकनीक विकसित करने के प्रयास किये जा रहे हैं जिससे कार्बन उत्सर्जन कम किया जा सके। 

बीकानेर से लगातार तीसरी बार सांसद निर्वाचित हुए और दूसरी बार राज्यमंत्री बनने के बाद पहली बार बीकानेर आये अर्जुनराम ने पत्रकारों से कहा कि भारी उद्योग मंत्रालय की एक योजना फास्टर, एडेप्शन, मैन मैन्यूफैक्चरिंग, हाईजेंट इलेक्ट्रिक्स (फेम) का करीब 10 हजार करोड़ रुपये का बजट है। 

इस योजना के तहत एप ऑटो सैल काम कर रहा है, जिसमें कई वरिष्ठ विशेषज्ञ हैं। ऑटोमेटिक उपकरणों और वाहनों के क्षेत्र में यह योजना महत्वपूर्ण काम कर रही है। उन्होंने आमजन का आह्वान किया कि कार्बन उत्सर्जन कम करने के लिए सरकार को महत्वपूर्ण सुझाव दें। 

अर्जुनराम ने कहा कि वह पिछले तीन-चार दिनों से भारी उद्योग मंत्रालय से संबंधित सभी योजनाओं और कामकाज का अध्ययन कर रहे हैं। उनका उद्देश्य है कि भारी उद्योग मंत्रालय के जरिए बीकानेर संसदीय क्षेत्र में किसी ऐसे बड़े उद्योग या सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम की स्थापना की जा सके, जिससे हजारों लोगों को रोजगार मिले। 

उन्होंने बताया कि भारी उद्योग मंत्रालय के अधीन सार्वजनिक क्षेत्र के देश भर में कई बड़े-बड़े उपक्रम स्थापित हैं, जिनसे लाखों लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार मिल रहा है। इस उपक्रम के 17 विभाग हैं। इनमें एक विभाग सोलर एनर्जी का है। उन्होंने कहा कि वह बीकानेर क्षेत्र को सौर ऊर्जा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण स्थल के रूप में विकसित करने का प्रयास करेंगे। 

अर्जुनराम ने कहा कि राजस्थान में राजस्थान इंडस्ट्री इन्वेस्टमेंट लिमिटेड (रील) के जरिए बीकानेर में क्या नई योजनायें लाई जा सकती है, इस पर भी उन्होंने काम शुरू कर दिया है। बीकानेर संसदीय क्षेत्र में जिप्सम प्रचुर मात्रा में पाया जाता है, जिप्सम का कोई बड़ा संयंत्र लगाकर रोजगार के अवसर पैदा करने की पूरी कोशिश की जायेगी। 

इसी प्रकार सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि भारी उद्योग मंत्रालय के अधीन ऐसे देश भर में 339 उपक्रम हैंं, इनमें तेल एवं प्राकृतिक गैस आयोग (ओएनजीसी), हिदुस्तान पैट्रोलियम कारपोरेशन लिमिटेड,भारत पैट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड जैसे बड़े उपक्रम भी शामिल हैं। भारी उद्योग मंत्रालय इनकी रैंकिंग तय करता है, जिसके आधार पर विश्व बैंक और आईएमएफ जैसी बड़ी वित्तीय संस्थाओं से ऋण लेने में सुविधा रहती है। 

अर्जुनराम ने कहा कि देश में लघु उद्योग बड़ी तेजी से बड़े उद्योगों में तब्दील हो रहे हैं। यह हकीकत है कि कुछ उद्योग बंद भी हुए हैं और कुछ उद्योग फिर से शुरू हुए हैं। औद्योगिक क्षेत्र में लगातार प्रगति हासिल और विकास दर बढ़ाने के लिए भारी उद्योग मंत्रालय अपनी पूरी भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि देश में बेरोजगारी और विकास दर का अध्ययन करने के लिए केंद्र सरकार ने एक कमेटी का गठन किया है, जो इस पर काम कर रही है। 

राजस्थान के अलवर जिले में थानागाजी में हुई दुष्कर्म और उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में ढाई वर्ष की एक बालिका की क्रूरतापूर्वक हत्या किए जाने के सवाल पर अर्जुनराम मेघवाल ने कहा कि समाज में ऐसी घटनाओं का कोई महत्व नहीं होना चाहिए। इस तरह के मामले राज्य सरकारों के हैं। राज्य सरकारों को कानून-व्यवस्था के ऐसे मामलों पर और सावधानी और संवेदनशीलता बरतनी चाहिए। 

इससे पहले बीकानेर रेलवे स्टेशन पर पहुंचने पर अर्जुनराम मेघवाल का जोरदार स्वागत किया गया। -(एजेंसी)



 


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