इस वर्ष दिसंबर तक नदियों को परस्पर जोडऩे की 5 प्रमुख योजनाएं शुरु होगी : गडकरी

Samachar Jagat | Monday, 06 Aug 2018 06:44:06 PM
Five major plans to connect the rivers to be started this year: Gadkari

Rajasthan Tourism App - Welcomes to the land of Sun, Sand and adventures

नई दिल्ली। जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण मंत्री नितिन गडकरी ने कहा है कि देश की विभिन्न नदियों को जोडऩे की परियोजना के तहत नदियों को जोडऩे के लिए 30 चिन्हित परियोजनाओं में से केन बेतवा समेत अग्रिम पंक्ति की 5 परियोजनाओं पर इस वर्ष दिसंबर तक काम शुरु करने का प्रयास है।

Trailer Out: सलमान खान के जीजा आयुष शर्मा की डेब्यू फिल्म लवरात्रि का ट्रेलर रिलीज हुआ

गडकरी ने सोमवार को राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान बताया कि इसमें गुजरात और महाराष्ट्र की 2 परियोजनाएं तापी नर्मदा और दमनगंगा पिंजर को शुरु करने के बारे में कई पक्षकारों में सर्वानुमति कायम हुई है। इसके अलावा उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में बुंदेलखंड से जुड़ी केन बेतवा परियोजना के बारे में राज्यों के बीच सहमति हो गई है।

इनके सहमति पत्र पर मानसून सत्र के बाद हस्ताक्षर होंगे। उन्होंने स्पष्ट किया इन पांचों परियोजनाओं में सर्वाधिक महत्वपूर्ण गोदावरी कावेरी परियोजना में गोदावरी पर 60 हजार करोड़ रुपए की अनुमानित निर्माण राशि वाले पोलावरम बांध से गोदावरी के पानी को कृष्णा नदी में और कृष्णा नदी के पानी को पिनार में और पिनार के पानी को कावेरी में छोड़ा जाना प्रस्तावित है।

उन्होंने बताया कि इस परियोजना को लेकर कर्नाटक और तमिलनाडु के बीच 40 टीएमसी पानी का झगड़ा है। इसे सुलझाने के प्रयास किए जा रहे हैं जिससे तय समयसीमा में पांचों परियोजनाओं को पूरा किया जा सके। उन्होंने बताया कि पांचों परियोजनाओं को ‘राष्ट्रीय प्रकल्प’ का दर्जा देने के बारे में कैबिनेट प्रस्ताव भी पेश किया गया है।

साथ ही 2 लाख करोड़ रुपए की अनुमानित लागत वाली इन परियोजनाओं के वित्तीय संसाधन जुटाने के लिए एशियाई विकास बैंक और विश्व बैंक सहित अन्य संस्थाओं से बात चल रही है। नदियों की गाद निकालने से बाढ़ के खतरे से जुड़े पूरक प्रश्न के जवाब में गडकरी ने कहा कि बिहार सहित देशभर में हर वर्ष बाढ़ से 5 हजार करोड़ से 58 हजार करोड़ रुपए की जनधन की हानि होती है।

उन्होंने गाद हटाने के काम को लेकर पर्यावरण संबंधी चिंताओं की बाधा का जिक्र करते हुए कहा कि इस बारे में सर्वानुमति कायम कर ठोस नीति बनाने की जरूरत है। गडकरी ने कहा कि मंत्रालय से संबद्ध संसदीय समिति में भी इस विषय को उठाया गया।

रणबीर कपूर की फिल्म ने कमाई के मामले में बाहुबली 2 को दी जबरदस्त शिकस्त, तीसरी सबसे बड़ी हिंदी फिल्म बनी 'संजू'

गाद नहीं निकालने की वजह से बालू के दाम सीमेंट के बराबर होने का हवाला देते हुए गडकरी ने कहा कि समय-समय पर गाद निकालने की जरूरत को देखते हुए  मंत्रालय पर्यावरण और विकास के बीच समन्वय कायम करते हुए इस बारे में नीति बना रहा है। इस दिशा में मंत्रालय जल्द ही कैबिनेट प्रस्ताव पेश करेगा। 

Rajasthan Tourism App - Welcomes to the land of Sun, Sand and adventures


 

यहां क्लिक करें : हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें, समाचार जगत मोबाइल एप। हिन्दी चटपटी एवं रोचक खबरों से जुड़े और अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें!

loading...


Copyright @ 2018 Samachar Jagat, Jaipur. All Right Reserved.