जेएनयू का मामला: उच्च स्तरीय जांच समिति ने रखा उमर और कन्हैया के दंड को बरकरार 

Samachar Jagat | Thursday, 05 Jul 2018 05:15:49 PM
JNU case:High level inquiry committee upheld the punishment of Umar and Kanhaiya

नई दिल्ली। जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय की उच्च स्तरीय जांच समिति ने विश्वविद्यालय परिसर में गत 9 फरवरी, 2016 की घटना के मामले में उमर खालिद के निष्कासन और कन्हैया कुमार पर लगाए गए 10,000 रुपए के जुर्माने को बरकरार रखा है।

जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय की उच्च स्तरीय जांच समिति ने अफजल गुरु को फांसी देने के खिलाफ परिसर में एक कार्यक्रम के मामले में 2016 में खालिद और दो अन्य छात्रों के निष्कासन और छात्रसंघ के तत्कालीन अध्यक्ष कन्हैया पर 10,000 रुपए का जुर्माना लगाया था।

आदेश ना मानने वाले नौकरशाहों पर कानूनी कार्रवाई पर विचार कर रही है दिल्ली सरकार

उस दिन कथित तौर पर राष्ट्रविरोधी नारेबाजी हुई थी। पांच सदस्यीय पैनल ने अनुशासनात्मक नियमों के उल्लंघन के लिए 13 अन्य छात्रों पर जुर्माना भी लगाया था। इसके बाद छात्रों ने दिल्ली उच्च न्यायालय का रुख किया था।

अदालत ने विश्वविद्यालय को पैनल के फैसले की समीक्षा के लिए मामला अपीलीय न्यायाधिकरण के समक्ष रखने का निर्देश दिया था। सूत्रों के मुताबिक खालिद और कन्हैया के मामले में पैनल ने अपना फैसला बरकरार रखा।

कैलाश मानसरोवर : अब भी मदद का इंतजार कर रहे हैं कम से कम 1,000 भारतीय

एक सूत्र ने बताया है कि कुछ छात्रों की जुर्माना राशि कम कर दी गई। विवादास्पद कार्यक्रम के मामले में देशद्रोह के आरोपों पर फरवरी 2016 में कन्हैया, खालिद और अनिर्बान भट्टाचार्य को गिरफ्तार किया गया और अभी वे जमानत पर हैं।

सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर जेटली ने कहा, दिल्ली सरकार जांच एजेंसी गठित नहीं कर सकती

 उल्लेख है कि  9 फरवरी, 2016 को जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी में देश विरोधी नारेबाजी की घटना का आरोप लगाया गया था।  इस घटना के प्रारंभ कन्हैया कुमार, उमर खालिद और अनिर्बान भट्टाचार्य समेत पांच लोगों का नाम लिया गया था।

इसके बाद इस मामले में नौ और छात्रों के शामिल होने की बात सामने आई थी। 
 



 

यहां क्लिक करें : हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें, समाचार जगत मोबाइल एप। हिन्दी चटपटी एवं रोचक खबरों से जुड़े और अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें!

loading...
ताज़ा खबर

Copyright @ 2018 Samachar Jagat, Jaipur. All Right Reserved.