भारतीय राजनीति में सफल रहे नरेन्द्र मोदी

Samachar Jagat | Tuesday, 10 Jul 2018 01:09:08 PM
Narendra Modi succeeded in Indian politics

इंटरनेट डेस्क।  भारतीय राजनीति में दो दल ही प्रमुख माने जा रहे हैं। क्षेत्रीय दल इन दोनों दलों के साथ मिलकर चुनाव मैदान में उतरते हैं। आप को जानकरी होगी कि कांग्रेस पार्टी ने सप्रंग या यूपीए बना रखा है।

इसमें कांग्रेस समर्थित क्षेत्रीय दल मिलकर चुनाव लड़ते हैं। इसका नेतृत्व वर्तमान में नेहरू-गांधी परिवार की चौथी पीढ़ी यानी कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी कर रहे हैं।

वहीं दूसरी ओर भाजपा के समर्थित क्षेत्रीय दलों के साथ राजग यानी एनडीए के नाम पर मिलकर जनता के सामने वोटों की फसल काटने उतरते हैं। राहुल गांधी पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के पौते और पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के पुत्र हैं।

राजनीति  का प्रारंभिक शिक्षा बचपन में ही परिवार के साथ ही सीख ली थी। उन्होंने सन् 2004 में राजनीति में आए। अमेठी से चुनाव लडक़र संसद पहुंचे। इनसे पहले इनकी छोटी बहन प्रियंका गांधी सक्रिय राजनीति में थी। लेकिन वे राजनीति अपने आप को पीछे करके भाई को आगे बढ़ाया।

मेधा पाटकर के खिलाफ मानहानि के आरोप तय 

राहुल गांधी ने धीरे-धीरे कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच अपने आप की मजबूत पकड़ बनाई। इसके बाद सन् 2014 के लोकसभा  चुनाव उनकी देखरेख में ही हुआ था। सन् 2009 में  कांग्रेस को लोकसभा की सीटें 205 प्राप्त हुई।

सन् 2014 में मात्र 44 सीटों पर ही संतोष करना पड़ा। इस पर यह कह सकते हैं कि यूपीए 2 का कार्यकाल के असंतोष में जनता ने खुलकर कांग्रेस के खिलाफ वोट किया था।

इस दर्द से उभरकर राहुल गांधी ने गुजरात और कर्नाटक में कांग्रेस सीटों में  हुई वृद्धि से उत्साह बना हुआ है। सन 2019 की लोकसभा चुनावों की तैयारी में लगे हुए हैं।

वहीं भाजपा या राजग के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी गुजरात  के  सामान्य परिवार में जन्म लिया। उन्होंने आठ साल की उम्र में आरएसएस से जुड़ गए।  स्नातक की शिक्षा प्राप्त करने के बाद सन् 1971 में आरएसएस के पूर्णकालिक सदस्य बन गए।  

फिर से छीना हुआ ताज हासिल करेंगे राहुल गांधी, बन सकते है 2019 में PM?

सन् 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री केशभाई पटेल की गिरती छवि की वजह से मोदी को वहां का मुख्यमंत्री बनाया गया। इसके बाद सन 2002 में गोदारा कांड होने से पूरे देश में चर्चित हो गए।

गुजरात के लगातार चार बार मुख्यमंत्री रहने के बाद सन् 2013 में भाजपा ने उन्हें प्रधानमंत्री का प्रत्याशी बनाया। सन् 2014 में हुए लोकसभा  चुनाव में भाजपा की सन् 2009 में 116 सीटें आई थी ।

नरेन्द्र मोदी प्रधानमंत्री प्रत्याशी बनाने के बाद लोकसभा में भाजपा की सीटें  282  आई। इस आधार पर हम कह सकते हैं कि भारतीय राजनीति में अभी तक राहुल गांधी की तुलना में नरेन्द्र मोदी सफल रहे हैं।

हर महीने बनेंगे एक करोड़ स्मार्टफोन,  पांच हजार करोड़ के निवेश से तैयार नए संयंत्र का उद्घाटन

राहुल गांधी राजनीतिक परिवार से आने के बाद भी असफलता ही हाथ लगी है। लेकिन नरेन्द्र मोदी राजनीतिक परिवार से भी नहीं आए और एक सामान्य घर में जन्म लेनेे के बाद भारतीय राजनीति सफल सितारे साबित हुए हैं।

बहरहाल, यह कहा जा सकता है कि सन् 2019 के लोकसभा चुनाव परिणाम स्पष्ट करेगा की दोनों में से ज्यादा योग्य कौन है।



 

यहां क्लिक करें : हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें, समाचार जगत मोबाइल एप। हिन्दी चटपटी एवं रोचक खबरों से जुड़े और अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें!

loading...
ताज़ा खबर

Copyright @ 2018 Samachar Jagat, Jaipur. All Right Reserved.