अलग सोचें, अलग करें और वक्त से आगे चलें

Samachar Jagat | Wednesday, 24 Apr 2019 04:23:58 PM
Think differently, separate and move forward

Rajasthan Tourism App - Welcomes to the land of Sun, Sand and adventures

मनुष्य की शारीरिक संरचना लगभग समान होती है लेकिन बावजूद इसके उसकी आर्थिक, सामाजिक और अन्य स्थितियां बहुत अलग नहीं होती हैं। इन सबके जब मूल में जाया जाए तो निष्कर्ष निकल कर आता है कि व्यक्ति और आमतौर पर दूसरों की देखादेखी करता है, हौड़ करता है, नकल करता है, भीतर ही भीतर नकल करता है, औरों के जैसा ही करने की कोशिश करता है, ऐसा वह बिना किसी को बताए हुए करता रहता है और यही कारण है कि जो व्यक्ति अपनी समझ से करता है, अपनी सोच से करता है, अपनी इच्छानुसार करता है, अपने हित के अनुसार करता है, अपनी रुचि के अनुसार करता है, अपनी पारिवारिक स्थितियों-परिस्थितियों के अनुसार करता है और अपनी क्षमताओं के अनुसार करता है तो उसको सफलता मिलना निश्चित है क्योंकि उसने अपना सर्वश्रेष्ठ दिया है और जब सर्वश्रेष्ठ दिया जाता है तब सर्वश्रेष्ठ मिलना भी तय है। ऐसे व्यक्ति का विजन स्पष्ट होता है, मिशन स्पष्ट होता है, वह दृढ़ निश्चयी होता है, समर्पित और संकल्पित होता है।

दूसरी तरफ जब कोई व्यक्ति किसी की नकल से आगे बढ़ना चाहता है, उसका अपना विजन नहीं, कोई मिशन नहीं, कोई संकल्प नहीं, कोई समर्पण नहीं, कोई रुचि नही, कोई योजना नहीं, कोई सोच नहीं, कोई समझ नहीं, बस केवल ईष्र्या भाव से दूसरे की सफलता का पीछा करना ही उसका एकमात्र उद्देश्य होता है। और यही कारण होते हैं कि ऐसे लोग कभी भी कामयाब नहीं होते हैं, आगे बढ़ नहीं पाते हैं, कुछ हासिल कर नहीं पाते हैं और सफल व्यक्ति से बहुत पिछड़ जाते हैं और यौं कहे कि सबसे बिछुड़ जाते हैं।

यदि सच में आप अपने समग्र जीवन को सफल करना चाहते हैं, कुछ दुनिया को देना चाहते हैं और सदा-सदा के लिए लोगों के जहन में बसना चाहते हैं तो फिर आपको अपनी रुचि के काम को प्राथमिकता देनी होगी, अपनी सोच से आगे बढ़ना होगा, अपनी समझ को काम में लेना होगा, औरों से हटकर सोचना होगा, कुछ अलग सोचना होगा और सबसे महत्वपूर्ण जो बात है वह है कि आपको हर हाल में वक्त के साथ ही नहीं, वक्त से बहुत आगे चलना होगा, दूरदर्शी बनना होगा क्योंकि आगे ही सोचना ही औरों से पहले करना तय करता है और औरों से पहले करने वाला ही पहले नंबर पर रहता है। इसलिए याद रखिए अगर बड़ी सफलता चाहते हो तो, बड़ी सोच, अलग सोच, अलग कर्म और वक्त से आगे चलना होगा।

प्रेरणा बिन्दु:- 
अलग सोच और बड़ी सोच से
काम बड़े हो जाते हैं
जमाना याद उन्हीं को करता
जो पैरों पर खड़े हो जाते हैं।
 



 

यहां क्लिक करें : हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें, समाचार जगत मोबाइल एप। हिन्दी चटपटी एवं रोचक खबरों से जुड़े और अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें!



Copyright @ 2019 Samachar Jagat, Jaipur. All Right Reserved.