भारतीय क्रिकेट में युवराज सिंह को सिक्सर किंग और कैंसर विजेता के रूप में याद किया जाएगा

Samachar Jagat | Wednesday, 12 Jun 2019 12:53:45 PM
Yuvraj Singh in Indian cricket will be remembered as Siksar King and cancer winner

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नई दिल्ली। भारत के सर्वश्रेष्ठ आलराउंडरों में शुमार युवराज सिंह को भारतीय क्रिकेट में सिक्सर किंग और कैंसर विजेता के रूप में याद किया जाएगा। 37 वर्षीय युवराज ने मुंबई में सोमवार को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने की घोषणा कर दी। बाएं हाथ के बल्लेबाज युवराज अपनी जबरदस्त बल्लेबाजी के लिए पूरी दुनिया में विख्यात थे और भारत को 2011 में 28 साल बाद विश्व चैंपियन बनाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही थी जिसके लिए उन्हें मैन ऑफ द टूर्नामेंट का खिताब मिला था। भारत को विश्व चैंपियन बनाने के बाद उन्हें अपने कैंसर से पीड़ित होने का पता चला।

उन्हें पता चला कि उनके दोनों दो फेफड़ों के बीच में ट्यूमर है। लेकिन उन्होंने कैंसर जैसी भयानक बीमारी पर विजय प्राप्त कर क्रिकेट के मैदान पर वापसी की थी। हालांकि कैंसर से वापसी करने के बाद युवराज पहले जैसे खिलाड़ी नहीं रहे लेकिन उनकी संघर्ष क्षमता, साहस और जज्बे का सभी ने लोहा माना। विश्व कप के दौरान युवराज ने खून की उल्टियां तक की थीं लेकिन उन्होंने किसी को इस बात का पता नहीं चलने दिया।

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उन्होंने संन्यास का ऐलान करते हुए कहा, इस खेल ने मुझे बहुत कुछ सिखाया है कि कैसे लड़ना है और गिरने के बाद फिर से कैसे उठना है और आगे बढ़ना है। युवराज के करियर में कई यादगार पल रहे थे जिसमें 2011 का वर्ल्ड कप जीतना सबसे महत्वपूर्ण था। उन्होंने 2007 के ट्वेंटी -20 वर्ल्ड कप में इंग्लैंड के तेज गेंदबाज स्टुअर्ट ब्रॉड के एक ओवर में छह छक्के जमाए थे जिसके बाद उन्हें सिक्सर किंग का खिताब मिला था।  युवराज ने 2011 के विश्व कप में चार अर्धशतक और एक शतक बनाया था तथा 15 विकेट भी झटके थे।

अपने इस प्रदर्शन की बदौलत वह मैन ऑफ द टूर्नामेंट बने थे। इस विश्व कप में उन्होंने 90.50 के औसत से 362 रन बनाए और 15 विकेट लिए। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ क्वार्टर फाइनल से पहले डॉक्टरों ने उन्हें नहीं खेलने की सलाह दी थी, लेकिन वह न सिर्फ मैदान में उतरे, बल्कि भारत की जीत के हीरो भी रहे। उन्होंने उस मैच में 57 रन की पारी खेली थी।

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युवराज का जन्म 12 दिसंबर 1981 को चंडीगढ़ में हुआ था। बाएं हाथ के बल्लेबाज युवराज ने तीन अक्टूबर 2000 को केन्या के खिलाफ अपना एकदिवसीय पदार्पण किया था। कुल 304 वनडे मैच खेलने वाले युवराज ने 8701 रन बनाए । उन्होंने अपने वनडे करियर में 52 अर्धशतक और 14 शतक जड़े हैं। उन्होंने अपना आखिरी एकदिवसीय मैच 30 जून 2017 को वेस्टइंडीज के खिलाफ खेला था। उन्होंने अपने टेस्ट क्रिकेट की शुरुआत 16 अक्टूबर 2003 को मोहाली में न्यूजीलैंड के खिलाफ की थी। उन्होंने अपने 40 अंतर्राष्ट्रीय टेस्ट मैच में 1900 रन बनाए जिसमें 11 अर्धशतक और तीन शतक शामिल हैं।

युवराज ने अपना आखिरी टेस्ट मैच नौ दिसंबर 2012 को कोलकाता में इंग्लैंड के खिलाफ खेला था। सिक्सर किंग युवराज ने 13 सितंबर 2007 को स्कॉटलैंड के विरुद्ध अपने ट्वेंटी -20 करियर का पदार्पण किया था। कुल 58 ट्वेंटी-20 मैचों में उन्होंने 1177 रन बनाए। उन्होंने ट्वेंटी-20 फॉर्मेट में आठ अर्धशतक लगाए हैं। युवराज ने एक फरवरी 2017 को बेंगलुरु में इंग्लैंड के खिलाफ अपना आखिरी अंतर्राष्ट्रीय ट्वेंटी -20 मैच खेला था। -एजेंसी



 

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