मदर्स डे पर मां को चॉकलेट न दें, उसका काम बांट लें, समानता की वकालत करें

Samachar Jagat | Friday, 06 May 2022 03:00:57 PM
Do not give chocolate to mother on Mother's Day, distribute her work, advocate equality

लिआ रुप्पनर, समाजशास्त्र के प्रोफ़ेसर और द फ्यूचर ऑफ वर्क लैब के संस्थापक निदेशक, मेलबर्न विश्वविद्यालय


मेलबर्न।  मदर्स डे की आहट नजदीक होने के साथ ही , कई आभारी और प्यार करने वाले परिवार सोच रहे हैं कि अपना स्नेह दिखाने के लिए माँ को क्या दिया जाए। क्या आपको उसे चॉकलेट देनी चाहिए? नहीं। फैंसी साबुन? नहीं।


फजी चप्पल, पजामा, सुगंधित मोमबत्तियां? नहीं, नहीं और नहीं। इस मदर्स डे पर, अपना कैश अपने पास रखें और अपनी माँ को ऐसा अद्भुत उपहार दें जो वास्तव में उनके स्वास्थ्य और कल्याण पर दीर्घकालिक प्रभाव डाले।


कोई एक ऐसा काम करें, जिसे करना मां को पसंद न हो और उस पर कायम रहे... हमेशा अनुसंधान से पता चलता है कि पुरुषों ने घर के काम और बच्चों की देखभाल पर खर्च किए जाने वाले अपने समय को बढ़ा दिया है और समय के साथ, माताएँ कम काम कर रही हैं (हुर्रे!)।


लेकिन, महिलाएं अभी भी पुरुषों की तुलना में घर का काम अधिक करती हैं, खासकर जब बच्चे घर में हों।
इसके अलावा, पुरुष खाना पकाने और बच्चों के साथ खेलने जैसे कम बोझिल काम करना पसंद करते हैं, माताओं को कम आनंददायक काम करने के लिए छोड़ देते हैं . 


इस साल अपनी मां को घर के काम में उनका हाथ बंटाने का उपहार दें। उन कामों से शुरूआत करनें, जिन्हें करना मां को कतई पसंद नहीं है और फिर उन कामों को करते रहें..... हमेशा।


शोध से पता चलता है कि गृहकार्य असमानता महिलाओं के मानसिक स्वास्थ्य के लिए खराब है। महिलाओं के घर के काम को कम आंकना और कामों में असमान बंटवारा करना रिश्ते की गुणवत्ता को खराब करता है और तलाक की ओर ले जाता है।


घर का काम और बच्चों की देखभाल करके मां परिवार को खुश, सौहार्दपूणã और संपन्न रखने के लिए अपना बहुमूल्य समय देती है, लेकिन अक्सर अपने स्वास्थ्य और कल्याण की कीमत पर। तो, चॉकलेट को छोड़ दें और सबसे खराब, सबसे कठिन और लगातार घरेलू काम (जैसे गंदे शॉवर की सफाई!) करके माँ का प्यार दिखाएं और ये... हमेशा करते रहें।


मां का दिमागी बोझ कम करें

  • परिवार को चलाने के लिए सभी नियोजन, आयोजन और प्रबंधन कार्य मानसिक भार है।
  • मानसिक भार को अक्सर सूची बनाने या परिवार के सदस्यों को कार्य आवंटित करने के रूप में माना जाता है। लेकिन, यह इससे बहुत ज्यादा है - यह भावनात्मक काम है जो एक सोच के साथ किया जाता है।
  • मानसिक भार एक चिता का काम है जो कभी समाप्त नहीं होता है और कहीं भी, कभी भी और किसी के साथ भी किया जा सकता है ।
  • चूंकि मानसिक भार हमारे सिर के अंदर होता है, यह अदृश्य होता है। इसका मतलब है कि हम नहीं जानते कि हम या अन्य यह श्रम कब कर रहे हैं जब तक कि हम वास्तव में उस स्थिति में नहीं होते।
  • विषमलैंगिक संबंधों में महिलाओं को उनके मानसिक स्वास्थ्य के लिए गंभीर परिणामों के साथ अधिक मानसिक भार उठाना पड़ता है। लेकिन हमारे पास इसका व्यापक माप नहीं है कि महिलाएं इसे कितना करती हैं और न ही समान-लिग वाले जोड़ों में इसे कैसे आवंटित किया जाता है।
  • तो, इस मातृ दिवस पर परिवार के मानसिक भार के बारे में बात करने, सूचीबद्ध करने और बराबर करने के लिए कुछ समय बिताएं।
  • यह सिर्फ इस बारे में एक सूची बनाना नहीं है कि क्या किया जाना है बल्कि यह भी समझना है कि मानसिक भार परिवार के भावनात्मक स्वास्थ्य से कैसे जुड़ा है।
  • इस मदर्स डे पर, माताओं को प्रभावित करने वाला एक मुद्दा चुनें (उदाहरण के लिए, समान वेतन, सस्ती चाइल्डकेअर या सशुल्क पारिवारिक अवकाश) और हालात बदलने में मदद करने के लिए एक काम करें।
  • अपने बॉस, अपने स्थानीय सांसद को एक पत्र लिखें, या लैंगिक समानता को बढ़ावा देने वाले किसी संगठन को धन दान करें।
  • शोध से पता चलता है कि पुरुष समान देखभालकर्ता और हिस्सेदार बनना चाहते हैं, लेकिन अक्सर डरते हैं कि देखभाल के लिए समय निकालने से उनके नियोक्ता को क्या संदेश जाएगा। इस बात के सबूत के बावजूद कि लचीले काम का अनुरोध करने वाले पिता को अधिक अनुकूल माना जाता है।
  • हमें सभी को अपने जीवन के किसी न किसी मोड़ पर देखभाल करने या करवाने की जरूरत होगी - आइए ऐसा वातावरण बनाएं जो सभी के लिए देखभाल का समर्थन करे,केवल मां के लिए नहीं। 



 
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