इस रिश्ते को क्या नाम दें, हिंदू मजदूरों को खाना खिला रहे हैं मुसलमान

Samachar Jagat | Thursday, 02 Apr 2020 01:12:26 PM
2783616089703048

संकट की इस घड़ी में न कोई हिंदू है न मुसलमान, बल्कि हम सभी इंसान हैं. चैनल चाहे जिस तरह का एजंडा चलाएं लेकिन लोग इनसे उबर कर लोगों की मदद के लिए आगे आ रहे हैं. हापुड़ के गांवों में भी लोगों ने मोहब्बत की मिसाल कायम की. हापुड़ का गांव है सरावनी आरिफपुर. यह मुसलिम बहुल्य गांव है. युवाओं ने वहां एक ग्रुप बनाया है. नाम रखा है आरिफपुर कोरोना फाइटर ग्रुप. ग्रुप के लोग बिहार के फंसे दस मजदूरों के राशन का इंतजाम और उनकी देखभाल की जिम्मेदारी निभा रहे हैं. सभी मजूर बिहार के पश्चिम चंपारण जिले के हैं. लॉकडाउन की वजह से फंसे दस मजदूरों को खाना-राशन की पूरी व्यवस्था गांव के ही लोग कर रहे हैं. दरअसल बिहार के यह मजदूर सरावणी स्थित आइसक्रीम फैक्ट्री में सीजन के दिनों में काम करने के लिए आए थे.

लॉकडाउन की वजह से कारखाना बंद हुआ तो ये लोग यहीं फंस गए. कृष्णकांत सिंह की पहल पर बने गांव के जुझारू और सेवाभावी युवकों शादाब, अमजद, वली मोहम्मद वगैरह ने इनके लिए एक खाली मकान उपलब्ध कराया. उसमें बिजली पानी की व्यवस्था दुरुस्त कराई अपने घरों से भोजन भिजवाया. फिर उन्होंने जिला पंचायत सदस्य कृष्णकांत सिंह से कहा तो वे उनके लिए राशन सब्जी और सभी जरूरी सामान लेकर पहुंच गए. यह सभी मजदूर हिंदू हैं. 

मुसलिम बाहुल्य गांव के लोग इनका पूरा ध्यान रख रहे हैं. मजदूर जगन्नाथ राम का कहना है कि उन्हें जरा भी महसूस नहीं हो रहा कि वे अपने घर से दूर हैं. सरावणी का कोरोना फाइटर ग्रुप गांव के सभी गरीबों और जरूरतमंदों को खाने पीने के सामान से लेकर, साबुन, मास्क तक दे रहा है. वे गांव का सैनिटाइजेशन तक करवा रहे हैं. जिला पंचायत सदस्य गांव के दिहाड़ी मजदूरों जिनके पास काम न होने की वजह से पैसे नहीं हैं, उनके लिए आवश्यक सामग्री जुटा कर बांट रहे हैं. जिला पंचायत कृष्णकांत सिंह ने हर गांव में कोरोना फाइटर ग्रुप बनाया है जिसका काम वास्तविक जरूरतमंदों की मदद करना है. उनका कहना है कि लोगों का हाथ थामें क्योंकि असुरक्षा के भाव से ही पलायन होता है. लोगों को अहसास कराएं कि आप अपने घर में हैं. (राजनीतिक-सामाजिक मुद्दों पर सटीक विशलेषण के लिए पढ़ें और फॉलो करें).



 

यहां क्लिक करें : हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें, समाचार जगत मोबाइल एप। हिन्दी चटपटी एवं रोचक खबरों से जुड़े और अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें!

loading...
ताज़ा खबर

Copyright @ 2020 Samachar Jagat, Jaipur. All Right Reserved.