ताली, घंटी और थाली के शोर में खो गई 17 जवानों की शहादत

Samachar Jagat | Tuesday, 24 Mar 2020 06:47:49 AM
3425122681243357

छत्तीसगढ़ में सत्रह जवानों की शहादत की खबर विचलित करने वाली है. नक्सलियों ने इन जवानों की जान ले ली. सभी जवान लापता थे. बाद में उनके शव मिले. लेकिन कोरोना वायरस, जनता कर्फ्यू और ताली, घंटी व तालियों की गूंज में इन शहीद जवानों की सुध किसी ने नहीं ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी फुर्सत कहां थी जो तत्काल प्रतिक्रिया देते. वे ताली, घंटी और थाली से अभीभूत थे. इसलिए इन सत्रह जवानों की खबरें न चैनलों पर दिखाईं गईं न ही उनकी मौत पर सदी के महानायक की आंख से आंसू निकला और न ही किसी सियासतदां ने बहुत ज्यादा शोर मचाया. वैसे भी चुनाव नहीं हैं तो क्या शहीद और क्या जवान. लेकिन सत्रह मां के लाल मारे गए. कइयों को कोख सूनी हुई तो कइयों की मांग. लेकिन हम ताली और थाली ही पीटते रहे.



loading...

छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में नक्सलियों से हुई मुठभेड़ में 17 जवान शहीद हो गए. शनिवार को मुठभेड़ के बाद से ही ये जवान लापता थे. छत्तीसगढ़ पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी. पुलिस ने बताया कि नक्सलियों से मुठभेड़ में पांच एसटीएफ और बारह डीआरजी के जवान शहीद हुए हैं. सुरक्षा बल को शनिवार से इन जवानों की तलाश थी. सुरक्षा बल के लिए यह बड़ा झटका है. पुलिस को जवानों के शव मिनपा के जंगलों में मिले. शनिवार को इसी जगह पर नक्सलियों से मुठभेड़ हुई थी. इसके बाद छत्तीसगढ़ पुलिस ने बताया था कि दर्जनों सुरक्षा बल लापता हैं जबकि चौदह जवान घायल हैं. 

छत्तीसगढ़ के डीजीपी डीएम अवस्थी के मुताबिक 17 जवानों के शवों को राज्य पुलिस की रेस्क्यू टीम ने ढूंढ निकाला है. सुरक्षा बलों की दस एके-47 समेत पंद्रह ऑटोमैटिक राइफल्स लापता हैं. पुलिस ने बताया कि चिंतागुफा क्षेत्र में कोरोजगुडा पहाड़ियों के पास शनिवार दोपहर एक बजे मुठभेड़ हुई थी. शाम तक सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच कई मुठभेड़ हुईं. नक्सलियों के खिलाफ आपरेशन पुलिस की डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड (डीआरजी), स्पेशल टास्क फोर्स और कोबरा टीम के 150 जवानों ने मिलकर किया था. रविवार को बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों को जवानों की तलाश के लिए भेजा गया था. 

लापता सभी 17 जवानों का शव बरामद कर लिया गया. राज्य सरकार ने सभी जवानों को शहीद घोषित कर दिया है. शनिवार दोपहर में सुकमा के चिंतागुफा थाना क्षेत्र के कसालपाड़ और मिनपा के बीच नक्सलियों ने सुरक्षाबल के जवानों पर हमला कर दिया था. इस हमले के बाद जवान लापता थे. बस्तर आईजी पी सुंदराज ने जवानों के शहीद होने की पुष्टि की है. घायलों को इलाज के लिए रायपुर एयरलिफ्ट किया गया है. दो घायल जवानों की हालत गंभीर बताई जा रही है.

घायल जवानों से मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने अस्पताल में घायल जवानों से मुलाकात की अधिकारियों ने बताया था कि जिले के एलमागुंडा गांव के करीब नक्सली गतिविधि की जानकारी मिलने के बाद चिंतागुफा, बुरकापाल और तेमेलवाड़ा से डीआरजी, एसटीएफ और सीआपीएफ के कोबरा बटालियन के दल को गश्ती पर रवाना किया गया था. उन्होंने कहा था कि जब दल कोराजगुंडा पहाड़ी पर था तब नक्सलियों ने सुरक्षा बलों पर गोलीबारी शुरू कर दी. इसके बाद सुरक्षा बलों ने भी जवाबी कार्रवाई की. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कुछ देर तक दोनों पक्षों के बीच मुठभेड़ चलने के बाद नक्सली वहां से फरार हो गए थे. (राजनीतिक-सामाजिक मुद्दों पर सटीक विश्लेशण के लिए पढ़ें और फॉलो करें).


loading...


 
loading...

यहां क्लिक करें : हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें, समाचार जगत मोबाइल एप। हिन्दी चटपटी एवं रोचक खबरों से जुड़े और अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें!




Copyright @ 2020 Samachar Jagat, Jaipur. All Right Reserved.