यहां साक्षात विराजमान हैं भगवान शिव, 400 सालों तक बर्फ में दबा रहने के बाद भी मंदिर को नहीं पहुंचा कोई नुकसान

Samachar Jagat | Monday, 25 Mar 2019 05:33:48 PM
Even after being pressed into the ice for 400 years, there was no harm to this temple of Lord Shiva

धर्म डेस्क। भगवान शिव के ऐसे अनेक मंदिर हैं जो बहुत चमत्कारी हैं और इसी वजह से ये पूरी दुनिया में प्रसिद्ध हैं, हम आपको यहां भगवान शिव के एक ऐसे मंदिर के बारे में बता रहे हैं जो काफी पुराना है और करीब 400 सालों तक बर्फ में दबा रहा। चार धामों में से एक केदारनाथ धाम के बारे में कहा जाता है कि ये मंदिर करीब 400 वर्षों तक बर्फ में दबा रहा और इसके बाद भी इसे कोई नुकसान नहीं पहुंचा। माना जाता है कि 13वीं से लेकर 17वीं सदी में 400 सालों का हिमयुग आया और इसमें हिमालय का एक बड़ा क्षेत्र दब गया और इसके बाद जब मंदिर के ऊपर से बर्फ हटी तो इसके निशान मंदिर पर रह गए।

महाभारत के युद्ध से भी भयंकर होता रामायण का ये युद्ध, जानिए कैसे माता सीता ने सृष्टि के विनाश को रोका

इन निशानों को आज भी देखा जा सकता है। केदारनाथ धाम पहाड़ियों से घिरा हुआ है और माना जाता है कि कभी यहां पर पांच नदियां बहती थीं जो आज प्राय: विलुप्त हो गई हैं और मात्र एक ही नदी दिखती है वह है मंदाकिनी। हिंदू मान्यताओं के अनुसार केदारनाथ धाम में साक्षात शिव विराजते हैं और इसी वजह से इस पर किसी प्राकृतिक आपदा का असर नहीं होता है। जून 2013 में भी इस धाम को प्राकृतिक आपदा झेलनी पड़ी और बाढ़ के कारण पूरे केदारनाथ में पानी ही पानी हो गया।

अपने घर को नकारात्मक शक्तियों के प्रभाव से बचाने के लिए करें ये उपाय

इस बाढ़ में काफी लोगों ने अपनी जान भी गंवाई लेकिन अगर कुछ बचा तो वो था ये मंदिर, केदारनाथ मंदिर इस प्राकृतिक आपदा में भी वैसा का वैसा ही रहा। ये प्रमाण है जो साबित करता है कि भगवान शिव इस मंदिर में प्रत्यक्ष विराजमान हैं और इसी वजह से बड़ी से बड़ी प्राकृतिक आपदा भी इस मंदिर का कुछ नहीं बिगाड़ सकती है। 

(ये सभी जानकारियां शास्त्रों और ग्रंथों में वर्णित हैं, लेकिन इन्हें अपनाने से पहले किसी विशेष पंडित या ज्योतिषी की सलाह अवश्य ले लें।)

कहीं आपकी तरक्की की राह में भी तो बाधाएं उत्पन्न नहीं कर रहीं राशि अनुसार आपके अंदर की ये कमियां

भूत-प्रेत का साया होने पर व्यक्ति को अपने हाथ में रखनी चाहिए ये चीज, आत्माएं नहीं पहुंचा सकती नुकसान



 

यहां क्लिक करें : हर पल अपडेट रहने के लिए डाउनलोड करें, समाचार जगत मोबाइल एप। हिन्दी चटपटी एवं रोचक खबरों से जुड़े और अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें!

loading...
ताज़ा खबर

Copyright @ 2019 Samachar Jagat, Jaipur. All Right Reserved.