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इंटरनेट डेस्क। अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जंग तेज होती जा रही है। दोनों ही पक्षों की ओर से एक-दूसरे पर तोबड़तोड़ हमले किए जा रहे हैं। अब अमेरिका की ओर से एक बड़ा दावा किया गया है। सेंट्रल कमांड ने 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' के पहले 10 दिनों में ईरान के अंदर करीब 5,000 लक्ष्यों पर हमले करने का दावा किया है। सेना ने दावा किया कि इस दौरान कम से कम 50 ईरानी जहाजों को नुकसान पहुंचाया या तबाह किया गया है।
इस संबंध में एक वीडियो भी जारी हुआ है। इसमें एक भूमिगत मिसाइल लॉन्चर पर हमले को दिखाया गया है। वहीं पोस्ट में लिखा गया है कि ईरानी शासन अपने मिसाइल लॉन्चर छिपाने का प्रयास कर सकता है, लेकिन अमेरिकी सेना उन्हें ढूंढकर खत्म कर देगी। अमेरिकी सेना की ओर से ये ऑपरेशन 28 फरवरी 2026 को शुरू किया गया था।
ईरान ने ओमान को बनाया निशाना
दूसरी ओर ईरान की ओर से भी लगातार हमले किए जा रहे हैं। ईरान ने अब ओमान के सलालाह बंदरगाह पर तेल भंडारण टैंकों पर बड़ा हमला किया है। ब्रिटिश समुद्री सुरक्षा फर्म एम्ब्रे की ओर से बुनियादी ढांचे पर हुए इन हमलों की पुष्टि की गई है। एक रिपोर्ट के अनुसार, ईरान ने एक साथ कई ड्रोन ओमान के सलालाह बंदरगाह पर दागे। इस हमले के बाद बंदरगाह से काले धुंए का गुबार निकलता दिखाई दिया है। ईरान के इस हमले का वीडियो भी सामने आया है।
अमेरिका और इजराइल की ओर से जारी सैन्य कार्रवाई के जवाब में ओमान पर ईरान की ओर से ये हमला किया गया है। खाड़ी देशों के ऊर्जा स्थलों को निशाना बनाना उसका युद्ध लड़ने के पैटर्न का हिस्सा है।